
हिमालय टाइम्स
गबर सिंह भण्डारी
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। विकास खंड कल्जीखाल के ग्राम सभा बड़कोट,दियुसा,कठूड़ और असगड़ के ग्रामीण पिछले एक सप्ताह से भय और असुरक्षा के साये में जीने को मजबूर हैं। कारण है एक अज्ञात हिंसक जानवर,जिसने अब तक कई गोवंशों को मौत के घाट उतार दिया है। गोवंश की लगातार हो रही हत्याओं से ग्रामीणों में गहरा आक्रोश और चिंता व्याप्त है। इसी मुद्दे को लेकर शनिवार को हिमालय क्रांति पार्टी के बैनर तले प्रदेश महासचिव दिनेश सिंह बिष्ट के नेतृत्व में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने गढ़वाल वन प्रभाग कार्यालय पहुंचकर धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभाग की लापरवाही और ठोस कार्ययोजना न होने से उनकी आजीविका पर संकट मंडरा रहा है। ग्रामीणों ने प्रमुख वन संरक्षक (वन्य जीव)/मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक उत्तराखंड को संबोधित ज्ञापन प्रभागीय वनाधिकारी की अनुपस्थिति में एसडीओ वन आयशा बिष्ट को सौंपा। ज्ञापन प्राप्त करते हुए आयशा बिष्ट ने भरोसा दिलाया कि वे न केवल ग्रामीणों की समस्या को शासन तक पहुंचाएंगी बल्कि अपनी रिपोर्ट भी संलग्न करेंगी,ताकि समस्या का त्वरित समाधान हो सके। इसके बाद ग्रामीण प्रतिनिधि मंडल ने जिलाधिकारी पौड़ी एस.स्वाति भदौरिया से भी मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। जिलाधिकारी ने इस संवेदनशील प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र ही सकारात्मक कार्यवाही करने का आश्वासन दिया। धरना-प्रदर्शन और ज्ञापन देने वालों में प्रदेश महासचिव दिनेश सिंह बिष्ट,जिला उपाध्यक्ष पपेंद्र सिंह रावत,नगर उपाध्यक्ष सुरेश चमोली,विमला देवी,नागी देवी,ग्राम प्रधान बड़कोट नवीन कुमार,ग्राम प्रधान दियुसा बबिता शाह,पूर्व प्रधान दियुसा रमेश चंद्र,लक्ष्मण सिंह,धनेश्वर प्रसाद,गणेश लाल,मनोज कुमार,राकेश कुमार,नरेश चंद,जयपाल सिंह,राजेश लाल,जोत लाल,हिमा लाल,मुकेश कुमार,राहुल कुमार,यशोदा देवी,मनीष कुमार,विमलेश कुमार,रमेश पाल सिंह, सुभाष कुकरेती और दिलवर सिंह सहित अनेक ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही वन विभाग और प्रशासन द्वारा ठोस कदम नहीं उठाए गए तो वे आंदोलन को और उग्र करने के लिए बाध्य होंगे।