
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। आज जनपद पौड़ी गढ़वाल में वन्दे मातरम् राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर स्मरणोत्सव कार्यक्रमों का आयोजन उल्लासपूर्वक किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत प्रधानमंत्री द्वारा वर्ष भर चलने वाले वन्दे मातरम् स्मरणोत्सव का वर्चुअल उद्घाटन किया गया,जिसके पश्चात समूचे जनपद में एक साथ वन्दे मातरम् का सामूहिक गायन किया गया। जिला सभागार में आयोजित मुख्य कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाधिकारी स्वाति एस.भदौरिया ने की। उन्होंने कहा कि वन्दे मातरम् केवल एक गीत नहीं,बल्कि यह हमारी राष्ट्रीय अस्मिता,एकता और स्वतंत्रता का प्रतीक है। इस गीत ने देशवासियों में स्वाभिमान और राष्ट्रप्रेम की भावना को जगाया,जो आज भी हमें एक सूत्र में बांधती है। जिलाधिकारी ने सभी नागरिकों से इस स्मरणोत्सव को राष्ट्रभक्ति और गर्व के उत्सव के रूप में मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि वन्दे मातरम् राष्ट्र के प्रति समर्पण,अनुशासन और एकजुटता का प्रतीक है। हमें इस गीत की भावना को अपने आचरण और कार्यों में जीवित रखना चाहिए ताकि राष्ट्रनिर्माण की दिशा में प्रत्येक व्यक्ति की भूमिका सार्थक हो सके। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से राष्ट्रगीत वन्दे मातरम् का गायन किया,जिससे पूरा परिसर राष्ट्रभक्ति के भाव से गुंजायमान हो उठा। इसी क्रम में विकास भवन सभागार में भी कार्यक्रम आयोजित हुआ,जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने दिल्ली से प्रसारित प्रधानमंत्री का संदेश सुना। प्रधानमंत्री ने वन्दे मातरम् को राष्ट्र की एकता,अखंडता और स्वाभिमान का प्रतीक बताते हुए इसे जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। जनपदभर में विभागों,तहसीलों,विकासखंडों और शैक्षिक संस्थानों में वन्दे मातरम् का सामूहिक गायन हुआ,जिससे पूरा पौड़ी जनपद राष्ट्रीय एकता और गौरव के स्वर में गुंजायमान हो उठा। जिला सभागार में आयोजित कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी अनिल गर्ब्याल,मुख्य शिक्षाधिकारी नागेंद्र बर्तवाल,जिला सैनिक कल्याण अधिकारी मेजर करन सिंह रावत सहित समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।