

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। उत्तराखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री डॉ.धन सिंह रावत ने वीर चंद्र सिंह गढ़वाली औद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय,भरसार को एक अत्याधुनिक एम्बुलेंस प्रदान कर विश्वविद्यालय की आपातकालीन स्वास्थ्य व्यवस्था को नई मजबूती दी है। वर्चुअल माध्यम से आयोजित कार्यक्रम में एम्बुलेंस को विश्वविद्यालय को समर्पित करते हुए कैबिनेट मंत्री ने इसे छात्र-छात्राओं,शिक्षकों एवं कर्मचारियों की सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया। डॉ.धन सिंह रावत ने कहा कि दुर्गम पर्वतीय क्षेत्रों में समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना एक बड़ी चुनौती होती है। ऐसे में विश्वविद्यालय जैसे बड़े शैक्षणिक संस्थान में एम्बुलेंस की उपलब्धता किसी भी आपात स्थिति में त्वरित उपचार सुनिश्चित करेगी। उन्होंने कहा कि कई बार कुछ मिनटों की देरी भी जानलेवा साबित हो जाती है,जबकि यह एम्बुलेंस जीवनरक्षक सिद्ध होगी। कैबिनेट मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यह एम्बुलेंस केवल विश्वविद्यालय परिसर तक सीमित नहीं रहेगी,बल्कि आवश्यकता पड़ने पर आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की जनता को भी त्वरित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। इससे विश्वविद्यालय शिक्षा के साथ-साथ अपने सामाजिक दायित्वों के निर्वहन में भी एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत करेगा। कार्यक्रम के दौरान पौड़ी जनपद के मुख्य चिकित्सा अधिकारी,स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी,विश्वविद्यालय प्रशासन के प्रतिनिधि एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल की मुक्तकंठ से सराहना करते हुए इसे क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया और कहा कि इससे पहाड़ में स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा मिलेगी। भाजपा के पौड़ी जनपद जिला महामंत्री गणेश भट्ट ने जानकारी देते हुए कहा कि डॉ.धन सिंह रावत की यह पहल जनसेवा के प्रति उनकी संवेदनशीलता और दूरदर्शी सोच को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रयासों से पहाड़ी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का सशक्तिकरण संभव हो पाएगा। इस अवसर पर जनपद के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.शुक्ला,विश्वविद्यालय के डीन प्रो.जोशी,पाबों मंडल अध्यक्ष विमल नेगी,जिला पंचायत सदस्य भरत रावत,जिला पंचायत सदस्य राजेश्वरी देवी,ब्लॉक प्रमुख लता रावत,पूर्व ब्लॉक प्रमुख डॉ.रजनी रावत,विनोद रावत एवं गुलाब सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि,अधिकारी एवं विश्वविद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने भरसार जैसे दुर्गम क्षेत्र में एम्बुलेंस सुविधा को एक ऐतिहासिक और जनहितकारी पहल बताते हुए उत्तराखंड सरकार एवं कैबिनेट मंत्री का आभार व्यक्त किया। कुल मिलाकर भरसार विश्वविद्यालय को मिली यह एम्बुलेंस न केवल शैक्षणिक परिसर की सुरक्षा को सुदृढ़ करेगी,बल्कि आसपास के ग्रामीण अंचलों के लिए भी संकट की घड़ी में एक भरोसेमंद सहारा बनेगी।