कार्यक्षमता में वृद्धि करता है ध्यान

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी देवप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। अंतर्राष्ट्रीय ध्यान दिवस पर केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय,श्री रघुनाथ कीर्ति परिसर में सामूहिक ध्यान कार्यक्रम आयोजित किया गया। परिसर के योग विज्ञान विभाग के तत्वावधान में आयोजित इस

📘 इन्हें भी पढ़ें

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी

देवप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। अंतर्राष्ट्रीय ध्यान दिवस पर केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय,श्री रघुनाथ कीर्ति परिसर में सामूहिक ध्यान कार्यक्रम आयोजित किया गया। परिसर के योग विज्ञान विभाग के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में निदेशक प्रो.पीवीबी सुब्रह्मण्यम ने लौकिक और आध्यात्मिक जीवन की सफलता में ध्यान की महत्ता रेखांकित की। योग विज्ञान विभाग के प्राध्यापक डॉ.सुधांशु वर्मा ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विश्व शांति और मानव कल्याण है। योग के छात्रों ने इस अवसर पर योग के फलस्वरूप उनके जीवन में आए लाभकारी परिवर्तन साझा किए। मंगलाचरण से आरंभ हुए कार्यक्रम में छात्रों को संबोधित करते हुए निदेशक प्रो.सुब्रह्मण्यम ने कहा कि ध्यान हमारी कार्यक्षमता में वृद्धि कर अनेक मनोरोगों का शमन करता है। यह हर आयु वर्ग के व्यक्ति के लिए आवश्यक है। आज के तनाव मुक्त माहौल में तो इसकी और भी प्रासंगिकता है। इसे हमें अपनी दिनचर्या का महत्त्वपूर्ण और आवश्यक हिस्सा बनाना चाहिए। इस अवसर पर योग एवं आध्यात्मिक विभाग के आचार्यों के मार्गदर्शन में प्रतिभागियों ने शास्त्रोक्त विधि से ध्यान अभ्यास किया,जिसमें मन की एकाग्रता,श्वास-प्रश्वास की सजगता एवं आंतरिक शांति पर विशेष बल दिया गया गया। योग विज्ञान एवं आध्यात्मिक विभाग के आचार्य डॉ.सुधांशु वर्मा ने ध्यान के वैज्ञानिक एवं आध्यात्मिक पक्ष पर प्रकाश डालते हुए बताया कि ध्यान से मानसिक स्थिरता,स्मरण शक्ति का विकास,भावनात्मक संतुलन,रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि तथा आध्यात्मिक चेतना का विस्तार होता है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अभ्यास के लिए प्रेरित किया। छात्राओं ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि सामूहिक ध्यान से उन्हें आंतरिक शांति,आत्मविश्वास और सकारात्मक ऊर्जा की अनुभूति हुई। कार्यक्रम के समापन पर यह संकल्प लिया गया कि विश्वविद्यालय परिसर में योग एवं ध्यान से जुड़े कार्यक्रमों को नियमित रूप से आयोजित कर स्वस्थ,संतुलित एवं आध्यात्मिक रूप से जागरूक समाज के निर्माण में निरंतर योगदान दिया जाएगा। यह आयोजन अंतरराष्ट्रीय ध्यान दिवस के मूल उद्देश्य-विश्व शांति और मानव कल्याण को सार्थक करते हुए भारतीय योग एवं ध्यान परंपरा की प्रासंगिकता को सशक्त रूप से प्रस्तुत करता है।

नवीनतम समाचार – Dainik Himalya Times

नवीनतम समाचार

Loading...