मोतियाबिंद मुक्त गांव की ओर कदम-10 मार्च तक 59 गांवों में चलेगा विशेष नेत्र परीक्षण अभियान

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद पौड़ी में दृष्टि सुरक्षा को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक पहल शुरू की है। राष्ट्रीय अंधता निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत अब गांव-गांव मोतियाबिंद ग्राम पंचायत बनाने

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हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी

पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद पौड़ी में दृष्टि सुरक्षा को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक पहल शुरू की है। राष्ट्रीय अंधता निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत अब गांव-गांव मोतियाबिंद ग्राम पंचायत बनाने का लक्ष्य तय किया गया है। इसके तहत कोट,खिर्सू,दुगड्डा और पौड़ी विकासखंड की 20 ग्राम पंचायतों के 59 गांवों में 50 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के लोगों की विशेष नेत्र जांच (स्क्रीनिंग) की जाएगी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ.शिव मोहन शुक्ला ने जानकारी देते हुए बताया कि यह अभियान 10 मार्च 2026 तक चलाया जाएगा। इसका उद्देश्य समय रहते मोतियाबिंद की पहचान कर प्रभावित मरीजों को निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराना है,ताकि कोई भी व्यक्ति केवल जागरूकता के अभाव में दृष्टि न खोए। चिन्हित गांवों में आंगनवाड़ी केंद्रों,पंचायत भवनों और आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। संबंधित क्षेत्र की सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) और दृष्टिमितज्ञ 50 वर्ष से अधिक आयु के लोगों की आंखों की जांच कर रहे हैं। यदि जांच के दौरान किसी व्यक्ति में मोतियाबिंद की पुष्टि होती है,तो उसे जनपद के प्रमुख चिकित्सालयों में निःशुल्क शल्य चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। मोतियाबिंद से ग्रसित मरीजों का ऑपरेशन निम्न चिकित्सालयों में नेत्र विशेषज्ञों द्वारा किया जाएगा-जिला चिकित्सालय पौड़ी,बेस चिकित्सालय श्रीनगर,उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर,बेस चिकित्सालय कोटद्वार इन सभी अस्पतालों में मोतियाबिंद का ऑपरेशन पूर्णतः निःशुल्क किया जाएगा। अभियान की शुरुआत दुगड्डा विकासखंड के मवाकोट तथा कोट विकासखंड के जामलाखाल से हुई,जहां कुल 68 लोगों की आंखों की जांच की गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ग्रामीणों को नेत्र स्वास्थ्य के प्रति जागरूक भी किया। आशा,एएनएम और सीएचओ से करें संपर्क स्वास्थ्य विभाग ने आमजन से अपील की है कि 50 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्ति इस अभियान का लाभ अवश्य उठाएं। शिविरों की जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र की सीएचओ,आशा कार्यकर्ता एवं एएनएम से संपर्क किया जा सकता है। जनपद पौड़ी में चलाया जा रहा यह अभियान न केवल उपचार का माध्यम है,बल्कि जागरूकता का भी सशक्त प्रयास है। यदि यह पहल सफल होती है,तो आने वाले समय में कई ग्राम पंचायतें मोतियाबिंद मुक्त घोषित की जा सकेंगी और सैकड़ों बुजुर्गों की रोशनी सुरक्षित रह सकेगी।

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