
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। उमंग स्वायत्त सहकारिता की वार्षिक आम सभा विकास खण्ड पौड़ी सभागार में आयोजित की गई। बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्यय,व्यवसायिक गतिविधियों,लाभांश वितरण तथा आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की गई। इस अवसर पर सहकारिता से जुड़ी 388 महिलाओं को प्रति सदस्य 1,000 रुपये के हिसाब से कुल 3 लाख 88 हजार रुपये का लाभांश वितरित किया गया। साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं एवं समूहों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं स्वागत गीत के साथ हुआ। सहकारिता की अध्यक्ष उमा देवी ने सदस्यों का स्वागत करते हुए वार्षिक गतिविधियों की जानकारी दी। बिजनेस प्रमोटर आकाश गुसाईं ने वित्तीय वर्ष 2025-26 का आय-व्यय एवं व्यवसायिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि सहकारिता को वर्ष 2025-26 में लगभग 3.30 लाख रुपये का लाभ प्राप्त हुआ,जबकि जुलाई 2026 तक सहकारिता 32.10 लाख रुपये का व्यवसाय कर 6.69 लाख रुपये का लाभ अर्जित कर चुकी है। बैठक में व्यक्तिगत उद्यम के तहत मशरूम यूनिट स्थापित करने के लिए आशा देवी एवं रवीना देवी को 30 से 40 हजार रुपये के चेक वितरित किए गए। व्यक्तिगत उद्यम में उत्कृष्ट कार्य के लिए साधना देवी,शांति देवी एवं सुशीला देवी को सम्मानित किया गया। अल्ट्रा पुअर श्रेणी में प्रतिमा देवी एवं रश्मि देवी तथा उत्कृष्ट समूह के रूप में नगदेवता समूह को सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख अस्मिता नेगी ने कहा कि सहकारिता के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के प्रयास सराहनीय हैं। उन्होंने महिलाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता से जोड़कर उनकी आय बढ़ाने पर बल दिया। खंड विकास अधिकारी दृष्टि आनंद ने कहा कि सहकारिता ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का सशक्त माध्यम बन रही है। उन्होंने महिलाओं से विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर स्वरोजगार गतिविधियों को बढ़ाने का आह्वान किया। बैठक में सहकारिता की उपलब्धियों की जानकारी देते हुए बताया गया कि वर्ष 2020 में स्थापित सहकारिता वर्तमान में 31 गांवों,9 ग्राम पंचायतों, 62 स्वयं सहायता समूहों एवं 10 रेखीय संगठनों से जुड़ी हुई है। सहकारिता से कुल 388 सदस्य जुड़े हैं। अब तक विभिन्न विभागों एवं योजनाओं के माध्यम से लगभग 41.25 लाख रुपये की परिसंपत्तियां और सहायता प्राप्त की गई है,जिनका लाभ 388 परिवारों को मिला है। सहकारिता द्वारा 38 अल्ट्रा पुअर पैकेज,6 कृषि आधारित उद्यम,7 गैर कृषि आधारित उद्यम,एक बेड़ू फल प्रसंस्करण इकाई,एक कृषि मशीनरी बैंक तथा 10 मिनी रिटेलिंग पैक संचालित किए जा रहे हैं। इसके अतिरिक्त पशुपालन,सब्जी उत्पादन एवं मसाला उत्पादन जैसी गतिविधियों के माध्यम से महिलाओं की आजीविका को मजबूत किया जा रहा है। सहकारिता की आगामी कार्ययोजना के अंतर्गत माल्टा आधारित उत्पादों के लिए बाजार शोध,फेस वॉश,फेस पैक एवं फेस स्क्रब जैसे उत्पादों के उत्पादन में वृद्धि तथा बायो एंजाइम उत्पादन शुरू करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बैठक में नए निदेशक मंडल का गठन भी किया गया,जिसमें उमा देवी को अध्यक्ष,दुर्गा देवी को कोषाध्यक्ष तथा दिगंबरी देवी को सचिव पद पर सर्वसम्मति से चुना गया। इसके अलावा प्रियंका,साधना,बबिता देवी,मंगली देवी सहित अन्य सदस्यों को निदेशक मंडल में शामिल किया गया। इस अवसर पर रीप जिला कार्यालय से आशुतोष कौशिक,धनीलाल उनियाल एवं कीर्ति गुसाईं,अनुश्रवण एवं मूल्यांकन अधिकारी मोहन,ब्लॉक मिशन मैनेजर विजय बिष्ट,आजीविका समन्वयक आशा देवी,लेखाकार ज्योति,ग्रुप मोबिलाइजर गीता देवी एवं आशा देवी सहित सहकारिता से जुड़ी महिलाएं और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।