हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
श्रीनगर गढ़वाल। बाल विकास परियोजना खिर्सू के अंतर्गत अंतर्राष्ट्रीय माहवारी स्वच्छता दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य किशोरी बालिकाओं को मासिक धर्म से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करते हुए उन्हें स्वास्थ्य,स्वच्छता और आत्मविश्वास के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किशोरी बालिकाओं ने प्रतिभाग कर स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त की। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग से राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम की काउंसलर सपना देवी ने किशोरियों को मासिक धर्म के दौरान होने वाली सामान्य एवं जटिल समस्याओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि माहवारी एक प्राकृतिक प्रक्रिया है,जिसे लेकर समाज में फैली झिझक और गलत धारणाओं को समाप्त करना बेहद आवश्यक है। उन्होंने किशोरियों को व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखने,समय-समय पर सेनेटरी नैपकिन बदलने,पौष्टिक एवं संतुलित आहार लेने तथा अत्यधिक शारीरिक श्रम से बचने की सलाह दी। काउंसलर सपना देवी ने कहा कि यदि माहवारी के दौरान अत्यधिक दर्द,अनियमितता या अन्य गंभीर समस्याएं उत्पन्न हों तो बिना संकोच महिला चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए। उन्होंने किशोरियों को मानसिक एवं शारीरिक रूप से स्वस्थ रहने के लिए जागरूक करते हुए आत्मविश्वास के साथ जीवन जीने का संदेश भी दिया। कार्यक्रम के दौरान किशोरी बालिकाओं को नि:शुल्क सेनेटरी नैपकिन पैकेट वितरित किए गए तथा स्वच्छता के प्रति जागरूक रहने की शपथ भी दिलाई गई। कार्यक्रम में उपस्थित बालिकाओं ने स्वास्थ्य विशेषज्ञों से खुलकर संवाद किया और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। इस अवसर पर सुपरवाइजर रीता रावत,आंगनबाड़ी कार्यकत्री ललिता देवी,नीलम देवी,लक्ष्मी देवी,विमला देवी सहित अन्य कर्मचारी एवं स्थानीय महिलाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का समापन किशोरियों को स्वस्थ,सुरक्षित और जागरूक समाज निर्माण में अपनी भूमिका निभाने के संदेश के साथ किया गया।