टीबी मुक्त गांवों की ओर एकेश्वर की मजबूत पहल-ग्राम प्रधानों ने संभाली जागरुकता की कमान

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। टीबी मुक्त भारत के संकल्प को धरातल पर साकार करने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग पौड़ी द्वारा ब्लॉक सभागार एकेश्वर में ग्राम प्रधानों के लिए एक दिवसीय

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हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी

पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। टीबी मुक्त भारत के संकल्प को धरातल पर साकार करने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग पौड़ी द्वारा ब्लॉक सभागार एकेश्वर में ग्राम प्रधानों के लिए एक दिवसीय टीबी प्रशिक्षण एवं जन-जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। ब्लॉक प्रमुख पंकज बिष्ट की अध्यक्षता में आयोजित कार्यशाला में क्षेत्र के ग्राम प्रधानों को क्षय रोग के लक्षण,बचाव,समय पर जांच,उपचार तथा टीबी उन्मूलन में ग्राम पंचायतों की महत्वपूर्ण भूमिका के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिला क्षय रोग अधिकारी पौड़ी डॉ.जीशान मलिक ने कहा कि टीबी एक गंभीर बीमारी जरूर है,लेकिन समय पर पहचान और नियमित उपचार से इसका पूरी तरह उपचार संभव है। उन्होंने ग्राम प्रधानों से आह्वान किया कि वे अपने-अपने गांवों में टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने में सक्रिय भूमिका निभाएं और संभावित मरीजों की पहचान कर उन्हें तत्काल जांच एवं उपचार के लिए नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम प्रधान जनता और प्रशासन के बीच महत्वपूर्ण कड़ी होते हैं। ऐसे में उनकी सक्रिय भागीदारी से टीबी के संभावित मामलों की समय पर पहचान की जा सकती है। उन्होंने उपचाराधीन मरीजों को नियमित रूप से दवा लेने के लिए प्रेरित करने तथा बीमारी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों और झिझक को दूर करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। डॉ.जीशान मलिक ने कहा कि टीबी के विरुद्ध लड़ाई केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है,बल्कि इसमें पूरे समाज की सहभागिता आवश्यक है। ग्राम पंचायत,स्वास्थ्य विभाग और आम जनता मिलकर कार्य करें तो प्रत्येक गांव को टीबी मुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की जा सकती है। कार्यशाला में उपस्थित ग्राम प्रधानों को टीबी के प्रमुख लक्षणों के प्रति भी जागरूक किया गया। लंबे समय तक खांसी,बुखार,वजन कम होना,रात में पसीना आना तथा भूख में कमी जैसे लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सकीय जांच कराने की सलाह दी गई। साथ ही लोगों को यह संदेश देने पर जोर दिया गया कि बीमारी को छिपाने के बजाय समय रहते जांच एवं उपचार कराना ही स्वस्थ जीवन की दिशा में सबसे महत्वपूर्ण कदम है। कार्यशाला में प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ.निकिता चौधरी सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी टीबी नियंत्रण कार्यक्रम से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। इस अवसर पर ग्राम प्रधान रिंगवाड़ी सुनीता देवी,ग्राम प्रधान बड़ेथ स्वाती देवी,ग्राम प्रधान भंडाली प्रियंका देवी,ग्राम प्रधान नौगांव हेमलता देवी,ग्राम प्रधान मंजेड़ी संजय डंडियाल,दामोदर ममगांई सहित क्षेत्र के अन्य ग्राम प्रधान एवं संबंधित लोग मौजूद रहे। कार्यशाला का उद्देश्य स्पष्ट था कि गांव-गांव जागरूकता पहुंचे,संभावित मरीज समय पर जांच कराएं और उपचाराधीन मरीज नियमित दवा लेकर स्वस्थ हों। ग्राम स्तर पर जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी को टीबी उन्मूलन अभियान की मजबूत कड़ी बताते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सभी ग्राम प्रधानों से अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान किया।

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