
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
श्रीनगर गढ़वाल। वृक्ष केवल प्रकृति की शोभा नहीं,बल्कि जीवन का आधार हैं। स्वच्छता,पर्यावरण संरक्षण और धार्मिक आस्था जब एक साथ जुड़ जाएं,तभी समाज में सकारात्मक परिवर्तन की मजबूत नींव पड़ती है। इसी प्रेरणादायी भावना को आत्मसात करते हुए सामाजिक संस्था भागीरथी कला संगम के सदस्यों ने रविवार को गंगा दर्शन पार्क स्थित राधा-कृष्ण मंदिर परिसर में स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण अभियान चलाकर समाज के लिए अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के दौरान सदस्यों ने मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में श्रमदान कर व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया। इसके उपरांत हरेला पर्व के अवसर पर 16 जुलाई को लगाए गए पौधों की देखभाल करते हुए उन्हें पानी दिया गया। संस्था के सदस्य अपने-अपने घरों से पानी के डिब्बे एवं बोतलें भरकर लाए,ताकि नव-रोपित पौधों को पर्याप्त सिंचाई मिल सके और उनकी जड़ें मजबूत होकर वे भविष्य में विशाल वृक्ष बन सकें। संस्था के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद बड़थ्वाल ने अपनी माताजी की स्मृति में लगाए गए आम के पौधे के चारों ओर सुरक्षा के लिए लोहे का जाल लगाकर उसके संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण करना जितना आवश्यक है,उससे कहीं अधिक महत्वपूर्ण उनकी नियमित देखभाल,सिंचाई और सुरक्षा करना है। जब तक पौधे मजबूत होकर स्वयं विकसित नहीं हो जाते,तब तक उनका संरक्षण हम सभी का नैतिक और सामाजिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि हरेला केवल एक पर्व नहीं,बल्कि प्रकृति,संस्कृति और जीवन के प्रति हमारी आस्था का प्रतीक है। यदि प्रत्येक नागरिक एक पौधा लगाकर उसकी जिम्मेदारी भी निभाए,तो आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ,हरित और सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सकता है। संस्था के सदस्यों ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने का आह्वान करते हुए कहा कि स्वच्छता,वृक्षारोपण और पौधों का संरक्षण हमारी सामाजिक,सांस्कृतिक और धार्मिक परंपराओं का अभिन्न हिस्सा है। इन मूल्यों को अपनाकर ही प्रकृति के प्रति अपने दायित्व का निर्वहन किया जा सकता है। इस अवसर पर रमेश चंद्र थपलियाल,दीनबंधु सिंह चौहान,अवधेश,मणिलाल,मदन गड़ोई,पदविंदर रावत,राजेंद्र प्रसाद बड़थ्वाल,यमुना प्रसाद काला,राजेंद्र सिंह रावत,हरेंद्र तोमर,रवि पुरी,धर्मेंद्र सहित भागीरथी कला संगम के अनेक सदस्य उपस्थित रहे। सभी ने नियमित रूप से स्वच्छता अभियान और पौधों के संरक्षण का संकल्प लेते हुए समाज से भी इस पुण्य कार्य में सहभागिता निभाने की अपील की।