
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
श्रीनगर गढ़वाल। सावन के पावन माह में मातृशक्ति के विरुद्ध सोशल मीडिया पर की गई कथित अभद्र और अमर्यादित टिप्पणी को लेकर भारतीय जनता पार्टी में जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला। नारी सम्मान और भारतीय संस्कृति की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाली इस घटना के विरोध में भाजपा महिला मोर्चा,पार्टी पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने रविवार को श्रीनगर कोतवाली पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया तथा आरोपी के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए तहरीर सौंपी। प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं ने कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को शक्ति,ममता और सृजन का प्रतीक माना गया है। मातृशक्ति के सम्मान पर किसी भी प्रकार का आघात न केवल महिलाओं का,बल्कि पूरे समाज और सनातन संस्कृति का अपमान है। ऐसे मामलों में दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए। भाजपा पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि सोशल मीडिया पर कांग्रेस से जुड़ा और उसे टैग एवं फॉलो करने वाला एक व्यक्ति महिलाओं के प्रति अत्यंत अशोभनीय और आपत्तिजनक टिप्पणी कर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसी विकृत मानसिकता समाज के लिए गंभीर खतरा है और कानून को ऐसे तत्वों के खिलाफ तत्काल एवं कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। भाजपा नेताओं ने स्पष्ट किया कि पार्टी महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के प्रश्न पर किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगी। मातृशक्ति की गरिमा के साथ खिलवाड़ करने वालों के विरुद्ध लोकतांत्रिक और कानूनी लड़ाई पूरी मजबूती के साथ लड़ी जाएगी। उन्होंने प्रशासन से आरोपी के खिलाफ शीघ्र मुकदमा दर्ज कर निष्पक्ष एवं कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की। इस अवसर पर भाजपा मंडल अध्यक्ष विनय घड़ियाल,जिला महामंत्री गणेश भट्ट,शुभम प्रभाकर,प्रकाश सती,दिनेश असवाल,ललिता नेगी,भाजपा महिला मोर्चा अध्यक्ष मीना असवाल,शांति भट्ट,विशोदा देवी,राजलक्ष्मी नौटियाल,मधु काला,प्रमिला,जिला कार्यसमिति सदस्य आशा फरासी सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी,महिला मोर्चा की सदस्याएं एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। प्रदर्शन के दौरान नारी शक्ति जिंदाबाद,भारत माता की जय और जय हिंद,जय उत्तराखंड के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। कार्यकर्ताओं ने एक स्वर में संकल्प लिया कि महिलाओं के सम्मान,सुरक्षा और स्वाभिमान की रक्षा के लिए वे हर स्तर पर संघर्ष करते रहेंगे तथा समाज में महिलाओं के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता का वातावरण बनाने के लिए निरंतर जनजागरण अभियान भी चलाएंगे।