
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
देहरादून/श्रीनगर गढ़वाल। राज्य में वन भूमि हस्तांतरण प्रकरणों के कारण लोक निर्माण विभाग के वृत्तों में लंबित विभिन्न सड़कों के जितने भी मामले हैं उनका ससमय निस्तारण किया जाये। उक्त बात प्रदेश के लोक निर्माण,ग्रामीण निर्माण,सिंचाई,बाढ़ नियंत्रण एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने सोमवार को यमुना कॉलोनी स्थित लोक निर्माण विभाग के सभागार में लोनिवि और वन विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कही। उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश के विभिन्न वृत्तों में सैद्धांतिक स्वीकृति प्राप्त होने के बावजूद भी वन भूमि हस्तांतरण के कारण कई सड़कों की विधिवत स्वीकृति नहीं मिली पा रही है। इसके लिए लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि हस्तांतरण सभी प्रकरणों का समय पर निस्तारण किया जाये। लोनिवि मंत्री सतपाल ने बताया कि प्रदेश के अल्मोड़ा,बागेश्वर,नैनीताल,पिथौरागढ़,चंपावत,उधम सिंह नगर,उत्तरकाशी,चमोली,रुद्रप्रयाग,टिहरी,देहरादून और पौड़ी जनपदों मे स्थित लोक निर्माण विभाग के विभिन्न वृत्तों में विधिवत स्वीकृति प्राप्त 312,सैद्धांतिक स्वीकृति प्राप्त 327,सैद्धांतिक स्वीकृति की अपेक्षा में 347 और अपलोड हेतु लम्बित सड़कों सहित कुल 1141 प्रकरण वन भूमि हस्तांतरण के कारण लम्बित हैं। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वन विभाग के साथ सामंजस्य बिठाकर सभी प्रकरणों का समय से तत्काल निस्तारण किया जाए। इस मौके पर लोक निर्माण विभाग के सचिव पंकज पांडे,प्रमुख अभियंता राजेश शर्मा,मुख्य अभियंता दयानंद,राजेन्द्र सयाना,वन एवं पर्यावरण विभाग की अपर सचिव कल्याणी,नोडल अधिकारी मीनाक्षी जोशी सहित बीआरओ के अधिकारी भी मौजूद थे।