राखी के पावन पर्व पर गूंजा पवित्रता और नशामुक्ति का संदेश-80 फलदार पौधों के वितरण से पर्यावरण संरक्षण का संकल्प

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी श्रीनगर गढ़वाल। ब्रह्माकुमारीज श्रीनगर सेवा केंद्र में रविवार को रक्षाबंधन के पावन पर्व पर आध्यात्मिक एवं सामाजिक चेतना से ओतप्रोत कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के कैबिनेट

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हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी

श्रीनगर गढ़वाल। ब्रह्माकुमारीज श्रीनगर सेवा केंद्र में रविवार को रक्षाबंधन के पावन पर्व पर आध्यात्मिक एवं सामाजिक चेतना से ओतप्रोत कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के कैबिनेट मंत्री डॉ.धन सिंह रावत मुख्य अतिथि तथा दीपा रावत विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के दौरान रक्षाबंधन को केवल भाई-बहन के स्नेह का पर्व न मानकर पवित्रता,आत्मिक सुरक्षा,नारी सम्मान,पर्यावरण संरक्षण और नशामुक्त समाज के संकल्प से जोड़ने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राजयोगी ब्रह्मा कुमार भ्राता मेहरचंद ने कहा कि भारत उत्सवों और पर्वों की समृद्ध परंपरा वाला देश है। यहां मनाए जाने वाले प्रत्येक पर्व के पीछे कोई न कोई गहरा आध्यात्मिक और सामाजिक संदेश निहित है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई की कलाई पर राखी बांधने तक सीमित नहीं है,बल्कि यह आत्मिक सुरक्षा,पवित्रता,विश्वास और नैतिक मूल्यों की रक्षा का पर्व है। उन्होंने कहा कि वर्तमान दौर में समाज को बाहरी सुरक्षा के साथ-साथ विचारों और संस्कारों की सुरक्षा की भी आवश्यकता है। पवित्र विचार और श्रेष्ठ आचरण ही स्वस्थ एवं संस्कारित समाज की आधारशिला हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अबला समझने की मानसिकता बदलनी होगी। आज की नारी सबला है और समाज की प्रगति में उसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। महिलाओं के प्रति सम्मान,मर्यादित दृष्टिकोण और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है। ब्रह्मा कुमार मेहरचंद ने कहा कि ब्रह्माकुमारीज संस्था रक्षाबंधन के माध्यम से समाज में पवित्रता और सकारात्मक सोच का संदेश पहुंचाने का प्रयास कर रही है। पवित्रता सर्वोच्च धर्म है और पवित्र जीवन में ही सच्चे सुख,शांति और संतोष का आधार निहित है। उन्होंने लोगों से आत्मिक शक्ति को मजबूत करने और जीवन को सकारात्मक दिशा देने का आह्वान किया। इस अवसर पर ब्रह्माकुमारी नीलम दीदी ने उपस्थित अतिथियों एवं लोगों को राखी बांधकर रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण को भी विशेष महत्व दिया गया। फलदार पौधों को बढ़ावा देने और हरियाली के संरक्षण के उद्देश्य से अंगूर,आंवला,माल्टा और नींबू सहित करीब 80 फलदार पौधों का वितरण किया गया। इस पहल के माध्यम से लोगों को पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ घर-आंगन और खेतों में फलदार पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को नशे से दूर रहने तथा समाज में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता फैलाने की शपथ दिलाई गई। वक्ताओं ने कहा कि नशा न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य और भविष्य को प्रभावित करता है,बल्कि परिवार की खुशहाली और सामाजिक व्यवस्था पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालता है। युवाओं को नशे से दूर रखना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री डॉ.धन सिंह रावत ने ब्रह्माकुमारी बहनों को रक्षाबंधन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कार्यक्रम में आमंत्रित करने के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ब्रह्माकुमारीज सेवा केंद्र में आने से उन्हें मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव होता है। उन्होंने कहा कि संस्था द्वारा निस्वार्थ भाव से की जा रही समाजसेवा लोगों को सेवा,संस्कार और आध्यात्मिक जीवन की दिशा में प्रेरित करती है। डॉ.रावत ने कहा कि समाज में आध्यात्मिक चेतना,संस्कार और सकारात्मक सोच को मजबूत करना आज की आवश्यकता है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण और नशामुक्ति जैसे सामाजिक अभियानों को जनभागीदारी से आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया। कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रस्तुतियों के माध्यम से भारतीय संस्कृति,संस्कार और पर्वों की महत्ता को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम में बी.के.भोपाल चौधरी ने अतिथियों का स्वागत किया,जबकि प्रो.जय किशन तिवारी ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर कमला गोयल,प्रो.राकेश नेगी,प्रमिला भण्डारी,कुशलानाथ,प्रवेश चमोली,संदीप रावत,भास्करानंद अणथ्वाल सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक,ब्रह्माकुमारी बहनें,छात्र-छात्राएं एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे। रक्षाबंधन के इस आयोजन ने स्पष्ट संदेश दिया कि राखी का धागा केवल रिश्तों को नहीं जोड़ता,बल्कि पवित्रता,संस्कार,पर्यावरण संरक्षण और नशामुक्त समाज के संकल्प को भी मजबूत करता है।

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