महापौर आरती भण्डारी की ऐतिहासिक पहल-महिला स्वयं सहायता समूहों को मिली नई जिम्मेदारी,श्रीनगर में सशक्तिकरण का खुला नया अध्याय

हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी श्रीनगर गढ़वाल। श्रीनगर नगर निगम ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐसा महत्वपूर्ण निर्णय लिया है,जो न केवल महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाएगा,बल्कि नगर निगम की

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हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी

श्रीनगर गढ़वाल। श्रीनगर नगर निगम ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐसा महत्वपूर्ण निर्णय लिया है,जो न केवल महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाएगा,बल्कि नगर निगम की स्वच्छता एवं राजस्व संग्रहण व्यवस्था को भी नई मजबूती प्रदान करेगा। महापौर आरती भंडारी की पहल पर नगर निगम क्षेत्र में यूजर चार्जेज-डोर-टू-डोर कलेक्शन का दायित्व महिला स्वयं सहायता समूहों को सौंप दिया गया है। नगर निगम सभागार में आयोजित गरिमामय कार्यक्रम के दौरान पंजीकृत स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को औपचारिक रूप से कार्यादेश (वर्क ऑर्डर) वितरित किए गए। यह निर्णय केवल प्रशासनिक व्यवस्था में बदलाव नहीं,बल्कि महिलाओं को सम्मानजनक आजीविका,आर्थिक स्वावलंबन और सामाजिक नेतृत्व प्रदान करने की दिशा में एक दूरदर्शी पहल माना जा रहा है। अब नगर निगम क्षेत्र के घर-घर जाकर यूजर चार्जेज संग्रहण का कार्य स्थानीय महिला स्वयं सहायता समूहों की सदस्याएं करेंगी,जिससे महिलाओं को नियमित आय का स्रोत मिलेगा और नगर निगम के राजस्व संग्रहण में भी पारदर्शिता एवं दक्षता बढ़ेगी। कार्यक्रम में महिलाओं को यूजर चार्जेज संग्रहण की प्रक्रिया,नागरिकों से संवाद स्थापित करने की कार्यशैली,अभिलेखों के संधारण,पारदर्शी वित्तीय व्यवस्था तथा सेवा के दौरान अपनाई जाने वाली आवश्यक प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। नगर निगम अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि स्थानीय महिलाओं की सक्रिय भागीदारी से नागरिकों और नगर निगम के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा तथा स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। महापौर आरती भण्डारी ने कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल योजनाओं और नारों तक सीमित नहीं रहना चाहिए,बल्कि महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया और आजीविका से जोड़ना ही वास्तविक सशक्तिकरण है। उन्होंने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य शहर को स्वच्छ,सुंदर और व्यवस्थित बनाने के साथ-साथ महिलाओं को सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना भी है। उन्होंने कहा नगर निगम ने अपनी बहनों पर विश्वास व्यक्त करते हुए उन्हें एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है। मुझे पूरा भरोसा है कि स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं पूरी ईमानदारी,निष्ठा और समर्पण के साथ इस दायित्व का निर्वहन करेंगी। इससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी,बल्कि नगर निगम की कार्यप्रणाली में भी जनविश्वास और पारदर्शिता बढ़ेगी। भविष्य में भी महिलाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने के निरंतर प्रयास किए जाएंगे। नगर निगम की इस पहल को स्थानीय निकायों में महिला सहभागिता बढ़ाने की दिशा में एक अनुकरणीय मॉडल माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब महिलाएं विकास योजनाओं का प्रत्यक्ष हिस्सा बनती हैं,तो स्वच्छता,जनसहभागिता,पारदर्शिता और सामाजिक उत्तरदायित्व जैसे लक्ष्य अधिक प्रभावी ढंग से प्राप्त होते हैं। श्रीनगर नगर निगम की यह पहल इसी सोच को धरातल पर साकार करती दिखाई दे रही है। इस अवसर पर नगर आयुक्त नुपुर वर्मा,मुख्य स्वास्थ्य निरीक्षक शशि पंवार,न्यू कमलेश्वर स्वयं सहायता समूह,ज्वालपा स्वयं सहायता समूह,राजराजेश्वरी स्वयं सहायता समूह,जय नंदा स्वयं सहायता समूह की सदस्याओं सहित नगर निगम के पार्षदगण,अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सभी ने महिलाओं को नई जिम्मेदारी मिलने पर शुभकामनाएं देते हुए इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।

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