
हिमालय टाइम्स गबर सिंह भण्डारी
श्रीनगर गढ़वाल। कारगिल की बर्फीली चोटियों पर भारत की विजय गाथा लिखने वाले अमर शहीदों के अदम्य साहस,अद्वितीय पराक्रम और सर्वोच्च बलिदान को स्मरण करते हुए श्रीनगर गढ़वाल का वातावरण शनिवार को राष्ट्रभक्ति के रंग में रंग गया। भारत माता की जय और वंदे मातरम् के गगनभेदी उद्घोषों के बीच कारगिल शौर्य दिवस पर वीर सैनिकों,पूर्व सैनिकों और वीर नारियों के सम्मान में आयोजित समारोह भावनाओं,गौरव और देशभक्ति का अनुपम संगम बन गया। श्रीनगर के गंगा दर्शन स्थित उफल्ड़ा नागराजा परिसर में राधा-कृष्ण मंदिर समिति एवं पूर्व सैनिक एवं जन-कल्याण समिति श्रीनगर गढ़वाल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित सैनिक सम्मान समारोह में उत्तराखंड सरकार के कैबिनेट मंत्री एवं श्रीनगर विधायक डॉ.धन सिंह रावत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा लगभग 80 पूर्व सैनिकों को सम्मानित कर उनके राष्ट्रसेवा के अतुलनीय योगदान को नमन किया। अपने संबोधन में डॉ.धन सिंह रावत ने कहा कि उत्तराखंड केवल देवभूमि ही नहीं,बल्कि वीरभूमि के रूप में भी पूरे देश में अपनी विशिष्ट पहचान रखता है। यहां का लगभग प्रत्येक परिवार भारतीय सेना से जुड़ा रहा है और इस धरती के वीर सपूतों ने हर युद्ध में अपने अदम्य साहस,अनुशासन और बलिदान से देश का मस्तक गर्व से ऊंचा किया है। उन्होंने कहा कि कारगिल विजय भारतीय सेना के शौर्य,रणनीति और अटूट राष्ट्रभक्ति का स्वर्णिम अध्याय है,जिसने पूरी दुनिया को भारतीय सैनिकों की वीरता का परिचय कराया। उन्होंने कहा कि राष्ट्र की रक्षा के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवान सदैव देशवासियों के लिए प्रेरणा स्रोत रहेंगे। कैबिनेट मंत्री ने बताया कि 10 अगस्त से 15 अगस्त तक पूरे उत्तराखंड में तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। इस अभियान के माध्यम से युवाओं,महिलाओं,विद्यार्थियों,पूर्व सैनिकों और आम नागरिकों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित कर राष्ट्रभक्ति,राष्ट्रीय एकता और अखंडता का संदेश जन-जन तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने सभी नागरिकों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया। समारोह के दौरान कारगिल सहित विभिन्न सैन्य अभियानों में अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले शहीदों की वीर नारियों को भी सम्मानित किया गया। इनमें स्व.धर्म सिंह की पत्नी अंशी देवी,स्व.नेत्र सिंह की पत्नी रजनी सजवान,स्व.योगेंद्र सिंह की पत्नी संगीता पंवार,स्व.सुनील सिंह की पत्नी हेमंती असवाल,स्व.गजपाल सिंह की पत्नी सर्वेश्वरी देवी,स्व.ख्यात सिंह की पत्नी लक्ष्मी देवी,स्व.गजेंद्र भंडारी की पत्नी कल्पेश्वरी भंडारी,स्व.दीपक चौहान की पत्नी दीपा चौहान,स्व.बृजपाल नेगी की पत्नी गीता देवी,स्व.वीरेंद्र रावत की पत्नी पद्मा रावत तथा स्व.राजेंद्र बिष्ट की पत्नी भामा देवी को शॉल एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। उपस्थित जनसमूह ने खड़े होकर वीर नारियों के त्याग,धैर्य और राष्ट्र समर्पण का सम्मान किया। समारोह में वक्ताओं ने कहा कि देश की सीमाओं की सुरक्षा केवल सैनिकों के पराक्रम से ही नहीं,बल्कि उनके परिवारों के त्याग,धैर्य और अटूट संकल्प से भी संभव होती है। वीर नारियां राष्ट्र की अमूल्य धरोहर हैं और समाज को उनके संघर्ष एवं बलिदान से निरंतर प्रेरणा लेनी चाहिए। इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष कमल किशोर रावत,पूर्व राज्य मंत्री अतर सिंह असवाल,कमल धनाई,दिनेश पटवाल,सुरेंद्र सिंह नेगी,मथुरा प्रसाद सिलोड़ी,भाजपा जिला महामंत्री गणेश भट्ट,मंडल अध्यक्ष विनय घिल्डियाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि,पूर्व सैनिक,सामाजिक कार्यकर्ता एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान एवं अमर शहीदों के प्रति दो मिनट का मौन रखकर किया गया। उपस्थित सभी लोगों ने राष्ट्र की एकता,अखंडता और सुरक्षा के लिए सदैव समर्पित रहने तथा वीर शहीदों के आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।